दीपांशु शौकीन ने छात्र संगठन दुस्सेन यूनिवर्सिटी सोसाइटी (DUSU) के चुनाव में चार साल पहले फ्रेशर्स पार्टी में अपने विचार व्यक्त करते हुए अपनी जीत के बारे में बात की। उन्होंने अपने विजय के बारे में कहा कि वे अकेले चल रहे हैं और एक दिन अपने आपके काफिला होगा। इस जीत से अब अब तक के बड़े संगठनों जैसे ABVP और NSUI की शक्ति में गिरावट आई है।
इस चुनाव में ABVP ने तीन में से चार पद पर जीत हासिल की और NSUI को बाहर कर दिया गया। इस घटना ने छात्र राजनीति में एक नए चेहरे के उभरने के बारे में चर्चा शुरू कर दी है। इसके अलावा, इस जीत के बारे में बहस भी शुरू हो गई है।
इस घटना के बारे में अधिक जानकारी अभी तक उपलब्ध नहीं है। लेकिन इस घटना ने छात्र संगठनों के बीच एक नए चेहरे के उभरने के बारे में चर्चा शुरू कर दी है।














